02 जुलाई 2026 ( सीमांत की आवाज ) टनकपुर/चम्पावत। भारत-नेपाल सीमा से लगे टनकपुर के निकटवर्ती सीमांत गांव थपलियालखेड़ा के ग्रामीणों को जल्द ही बिजली की सुविधा मिलने जा रही है। वर्षों से लंबित विद्युतीकरण परियोजना को बड़ा बल मिला है। भारत सरकार ने विद्युतीकरण के लिए वन भूमि हस्तांतरण संबंधी प्रस्ताव FP/UK/OTHERS/547851/2025 को 1 जुलाई 2026 को स्वीकृति प्रदान कर दी है।
एसडीओ शालिनी जोशी ने बताया कि इस मंजूरी के बाद गांव तक बिजली पहुंचाने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है। तीन ओर से नेपाल से घिरे इस सीमांत गांव के लिए यह फैसला बड़ी राहत साबित होगा। उन्होंने बताया कि हल्द्वानी वन प्रभाग ने वन भूमि प्रत्यावर्तन का प्रस्ताव समयबद्ध तरीके से सभी स्तरों पर भेजा, जिसके चलते रिकॉर्ड एक वर्ष के भीतर स्वीकृति मिल गई।
बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और जिलाधिकारी मनीष कुमार की पहल तथा वन विभाग के लगातार प्रयासों से यह महत्वपूर्ण सफलता मिली है। अब जल्द ही विद्युत विभाग द्वारा आगे की प्रक्रिया पूरी कर गांव में विद्युतीकरण कार्य शुरू किया जाएगा।
ग्रामीणों ने लंबे समय से चली आ रही बिजली की मांग पूरी होने पर खुशी जताई है। बिजली पहुंचने से क्षेत्र के विकास को नई गति मिलने के साथ ही ग्रामीणों के जीवन स्तर में भी सुधार आने की उम्मीद है।










