28 जून 2026 ( सीमांत की आवाज )जनपद उधम सिंह नगर काशीपुर से एक आरोपी गिरफ्तार, .32 बोर की पिस्टल और 9 जिंदा कारतूस बरामद; अब तक 11 आरोपी गिरफ्तार, 15 अवैध हथियार और 350 कारतूस जब्त।
देहरादून। उत्तराखण्ड स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने फर्जी शस्त्र लाइसेंस और अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत एक और बड़ी सफलता हासिल करते हुए 11वीं गिरफ्तारी की है। मुख्यमंत्री के “अपराध मुक्त उत्तराखण्ड” विजन और पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ के निर्देशन में चल रहे अभियान के तहत काशीपुर से फईम अहमद नामक आरोपी को गिरफ्तार किया गया।
एसटीएफ के अनुसार, आरोपी के कब्जे से एक .32 बोर सेमी ऑटोमैटिक पिस्टल और 9 जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। जांच में यह भी सामने आया कि उसने शाहजहांपुर के नाम पर फर्जी शस्त्र लाइसेंस बनवाया था। मामले में पहले से दर्ज एफआईआर की विवेचना के दौरान तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया जानकारी के आधार पर यह कार्रवाई की गई।
एसएसपी एसटीएफ ने बताया कि फर्जी शस्त्र लाइसेंस और अवैध हथियारों का यह संगठित नेटवर्क राज्य की कानून-व्यवस्था और जनसुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। एसटीएफ इस पूरे सिंडिकेट का पर्दाफाश करने के लिए लगातार कार्रवाई कर रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि जांच में जिस किसी की भी संलिप्तता सामने आएगी, उसके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अब तक इस अभियान के तहत राज्य के विभिन्न जनपदों में तीन मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं। 11 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। साथ ही 15 अवैध हथियार, 350 कारतूस तथा बड़ी संख्या में संदिग्ध एवं फर्जी शस्त्र लाइसेंस बरामद किए गए हैं।
एसटीएफ ने आमजन से भी अपील की है कि यदि किसी फर्जी या संदिग्ध शस्त्र लाइसेंस की जानकारी हो तो तत्काल एसटीएफ को सूचित करें। सूचनाकर्ता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।











